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🔔 रिमाइंडर · 🪔 आरती · 📿 पंचांग
कबीर कहते हैं कि किसी भी बात की अति अच्छी नहीं होती। न तो बहुत अधिक बोलना अच्छा है और न ही बहुत अधिक चुप रहना; न अधिक वर्षा अच्छी है और न अधिक धूप। यह दोहा जीवन में संतुलन और मध्यम मार्ग अपनाने की शिक्षा देता है।